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एक साथ दो दुनिया के बच्चों की हकीकत सामने रखती हैं ये तस्वीरें (फोटो क्रेडिट- Uğur Gallenkuş, Instagram)

तस्वीरें बनाने वाले फोटोग्राफर (Photographer) कहते हैं कि इन तस्वीरों को बनाने के पीछे उनका उद्देश्य मानवता के उन दो पक्षों (Two Faces of Humanity) को दिखाना है, जिन्हें हमने सामूहिक रूप से (Collectively) रचा है. इन तस्वीरों को उन्होंने एक किताब (Book) की शक्ल में भी छपवाया है.

  • News18Hindi

  • Last Updated:
    November 2, 2020, 4:11 PM IST

एक फोटोग्राफर (Photographer) ने दो तस्वीरों (Photos) को मर्ज करके उसे एक फोटो बना दिया है. लेकिन यह प्रयोग ऐसे दूसरे प्रयोगों से इसलिए अलग है क्योंकि जिन तस्वीरों को मिलाया गया है, वो दो अलग-अलग और एक-दूसरे से उलट दुनिया की तस्वीरें हैं. दो तस्वीरें मर्ज (merge) कर बनाई गई इन तस्वीरों के जरिए फोटोग्राफर ने भुखमरी (Hunger), युद्ध, चाइल्ड ट्रैफिकिंग, बाल श्रम (Child Labour) जैसे विभीषिकाओं में फंसे बच्चों की त्रासदी दिखाने की कोशिश की है. इसके लिए फोटोग्राफर ने त्रासदी (Tragedy) में फंसे बच्चों की तस्वीरें खींची हैं, और उन्हें एक बेहतर लाइफ (Better Life) जी रहे बच्चों की फोटोज के साथ मर्ज कर दिया है.

जिन फोटोग्राफर ने इस प्रयोग को अंजाम दिया है, उनका नाम है उगुर गालेनकुस और वो तुर्की (Turkey) के इस्तांबुल (Istanbul) में रहते हैं. वो कहते हैं कि इन तस्वीरों को बनाने के पीछे उनका उद्देश्य मानवता के उन दो पक्षों को दिखाना है, जिन्हें हमने सामूहिक रूप (Collectively) से रचा है. इन तस्वीरों को उन्होंने एक किताब (Book) की शक्ल में भी छपवाया है.

वो कहते हैं कि हम सभी अपने जीवन में एक सवाल कभी न कभी खुद से जरूर पूछते हैं, खासकर तब जब हम मां-बाप बन जाते हैं. वह सवाल है कि हम इस दुनिया के बच्चों के लिए क्या विरासत छोड़कर जा रहे हैं. और अब उनके बनाए 50 कोलाज 1990 में बच्चों के अधिकारों को लेकर हुए संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन में तय किये गये अधिकारों को दिखाती हैं. इन अधिकारों के बारे में कहा गया था कि बच्चे की भौगोलिक स्थिति कुछ भी हो लेकिन ये दुनिया के हर बच्चे के आवश्यक अधिकार होंगे. उगुर ने अपने कोलाज में दुनिया भर में अलग-अलग खतरों से घिरे बच्चों को दिखाया है-

उगुर कहते हैं कि वो अपनी किताब के जरिए वयस्क लोगों की सोच प्रभावित करना चाहते हैं. और चाहते हैं कि वो अपने लालच और अहंकार को छोड़कर दुनिया को बच्चों के लिए अच्छा बनाने की कोशिश करें.

उन्होंने अपनी इस किताब को दुनिया के सभी बच्चों को समर्पित किया है. उन्होंने लिखा है, सभी अमीर-गरीब, विकसित-अविकसित, शिक्षित-अशिक्षित, भूखे और मोटे, मर चुके और जी रहे दुनिया के सभी बच्चों को समर्पित.





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